अनुसंधान

       मुख्य वन संरक्षक (विकास) मुख्यालय पंचकूला, हरियाणा वन विभाग की अनुसंधान शाखा के प्रमुख हैं। वन संरक्षक (अनुसंधान) उनके अधीनस्थ कार्यरत हैं। हरियाणा वन विभाग की अनुसंधान शाखा के द्वारा निम्नलिखित मुख्य गतिविधियां चलाई जा रही हैं: -

        वानिकी अनुसंधान गतिविधियां :

  • * जैव विविधता संरक्षण
  • * वृक्ष सुधार निर्माण
  • * प्रजाति परिचय
  • * विदेशज का परिचय
  • * परिचय परीक्षण
  • * वंशज परीक्षण
  • * नर्सरी अनुसंधान
  • * औषधीय पौधे
  • * कृषि वानिकी अनुसंधान
  • * समस्याग्रस्त मृदा के लिए प्रजाति का परीक्षण
  • * टिशू कल्चर प्रयोगशाला की स्थापना
  • * मिस्ट चैम्बर की स्थापना
  • * अंकुरण और व्यवहार्यता अध्ययन
  • * जैव ईंधन अध्ययन
  • * फिकटुम की स्थापना

        परिचय

        वानिकी गतिविधियों से संबंधित अनुसंधान 1966 में अपने मातृ राज्य पंजाब से अलग राज्य के जन्म के बाद से हरियाणा वन विभाग में शुरू किया गया था। उस समय वानिकी प्रभाग, डीएफओ अनुसंधान की अध्यक्षता में रखा गया था। बाद में अनुसंधान प्रभाग को वन संरक्षक (विकास) की अध्यक्षता में किया गया। वर्ष 2006 में तत्कालीन अनुसंधान प्रभाग के स्तर को, अनुसंधान और बीज संग्रह प्रभागों के विलय द्वारा ऊपर उठाया गया था। अगस्त 2009 में, राज्य वन सेवा से संबंधित दो प्रभागीय वन अधिकारी एक डीएफओ अनुसंधान और एक अन्य डीएफओ बीज, अनुसंधान सर्किल में तैनात किया गया है। तदनुसार, दो प्रभाग, अनुसंधान प्रभाग और बीज प्रभाग बनाई गई है।






अंतिम नवीनीकृत:  27/6/2013